वैदिक शिशु गणित 01 || प्रथम पुस्तक || Ch. 00 पाठ्यक्रम || (K.G., 1st & 2nd)

शिशु प्रथम :- 1. सूत्र - अवलोकनम् अथवा विलोकनम, एकाधिकेन व एकाधिकेन पूर्वेण, एकन्यूनेन पूर्वेण ।  1. सामान्य गिनती, उल्टी गिनती व शून्य की कल्पना । 2. अंकों की पहचान-समानता व असमानता के कारण, भ्रम एवं निवारण । (विभिन्न साधनों के कटआउट, अंगुली घुमाना, रेत अथवा मिट्टी पर…

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बीजगणित का प्रारंभ | 03. गुणा

बीजगणित का प्रारंभ 03 Multiplication (गुणा) गुणा करते वक्त निम्न बातों को ध्यान में रखते हैं।  1. कोष्ठक का अर्थ गुणा होता है।  2. जिस पद (अथवा चर या अचर) पर कोई चिन्ह नहीं होता तो उस पद (अथवा चर या अचर) पर जमा या प्लस का निसान या चिन्ह माना जाता है।  3. साथ ही…

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